FD Or SIP Which Offers Better Benefits – अचानक मिले पैसों को कहां लगाएं? FD या SIP में से कहां मिलेगा सबसे ज्यादा फायदा

FD Or SIP Which Offers Better Benefits
FD Or SIP Which Offers Better Benefits

FD Or SIP Which Offers Better Benefits – कई बार नौकरी में बोनस, एरियर, इंसेंटिव, टैक्स रिफंड, पुराना निवेश मैच्योर होने या किसी दूसरी वजह से अचानक एक बड़ी रकम हाथ में आ जाती है। मान लीजिए आपकी सामान्य मासिक सैलरी से अलग आपको अचानक 1 लाख रुपये मिल गए। ऐसे में सबसे पहला सवाल यही होता है कि इस पैसे को कहां रखा जाए FD ओपन करवा ली जाए या SIP के जरिए निवेश किया जाए….

सबसे पहले तो यही समझें कि अचानक मिले पैसे को कहां रखना है, यह इस बात पर निर्भर करता है कि आपको उस रकम की जरूरत कब पड़ सकती है, आप कितना जोखिम उठा सकते हैं और आपका वित्तीय लक्ष्य क्या है।

Emergency Fund का रखें ध्यान

अचानक मिले पैसे को देखकर तुरंत पूरी रकम निवेश कर देना हमेशा सही फैसला नहीं होता। सबसे पहले यह देखना चाहिए कि आपके पास Emergency Fund है या नहीं। अगर अचानक नौकरी चली जाए, मेडिकल खर्च आ जाए या कोई बड़ा जरूरी खर्च सामने आ जाए तो कम से कम कुछ महीनों के खर्च का पैसा आसानी से उपलब्ध होना चाहिए।

मान लीजिए आपको 1 लाख मिले हैं और आपके पास कोई Emergency Fund नहीं है। ऐसे में पूरी रकम को लंबी अवधि के निवेश में डालने के बजाय इसका एक हिस्सा आसानी से निकाले जा सकने वाले विकल्प में रखा जा सकता है। अगर आपको किसी बैंक में सेविंग अकाउंट पर एफडी वाला ब्याज मिल रहा है तो इस पैसे को कुछ समय के लिए सेविंग अकाउंट में रख सकते हैं।

एक्सपर्ट्स के मुताबिक, Emergency Fund के लिए FD सबसे बेहतर विकल्प है क्योंकि इसमें पैसा सुरक्षित रहता है और जरूरत पड़ने पर तुरंत निकाला जा सकता है।

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FD Or SIP Which Offers Better Benefits
FD Or SIP Which Offers Better Benefits

FD कब चुन सकते हैं?

अगर आपको पैसों की तत्काल जरूरत नहीं है और आप स्थिर रिटर्न चाहते हैं तो एफडी पर विचार किया जा सकता है। FD में निवेश करते समय ब्याज दर पहले से तय होती है और अवधि के हिसाब से रिटर्न का अनुमान लगाया जा सकता है।

FD का एक फायदा यह है कि बाजार में उतार-चढ़ाव का सीधा असर आपके तय ब्याज पर नहीं पड़ता। लेकिन FD में पैसा तय अवधि के लिए लॉक हो सकता है और समय से पहले निकालने पर बैंक के नियमों के अनुसार ब्याज में कमी या अन्य शर्तें लागू हो सकती हैं। साथ ही, FD के ब्याज पर लागू टैक्स को भी ध्यान में रखना चाहिए।

FD की ब्याज दरें आमतौर पर 6-7.5% प्रति वर्ष के बीच होती हैं, जो 1-5 साल की अवधि के लिए मिलती हैं

SIP कब बेहतर विकल्प हो सकता है?

अगर आपका लक्ष्य लंबी अवधि का है और आप बाजार से जुड़े निवेश में उतार-चढ़ाव का जोखिम उठा सकते हैं, तो SIP के जरिए Mutual Fund में निवेश एक विकल्प हो सकता है। लेकिन यहां एक महत्वपूर्ण बात समझना जरूरी है SIP खुद कोई अलग इंवेस्टमेंट प्रोडक्ट नहीं है। यह किसी Mutual Fund में नियमित अंतराल पर निवेश करने का तरीका है।

SIP में बाजार से जुड़े होने के कारण रिटर्न गारंटीड नहीं होते, लेकिन लंबी अवधि में इतिहास बताता है कि SIP ने FD से बेहतर रिटर्न दिए हैं।

अगर आप 10-15 साल या उससे अधिक समय के लिए निवेश कर रहे हैं और महंगाई दर को पछाड़कर बड़ा फंड बनाना चाहते हैं, तो SIP आपके लिए बेहतर विकल्प हो सकता है।

FD vs SIP: रिटर्न की तुलना

एक उदाहरण के तौर पर, अगर आप 5000 रुपये महीने की SIP करते हैं और 10 साल तक जारी रखते हैं, तो 12% रिटर्न मानकर लगभग 11.20 लाख रुपये का फंड बन सकता है। वहीं, 5 लाख रुपये की FD से 10 साल में करीब 9.52 लाख रुपये ही बनते हैं।

इसी तरह, 10,000 रुपये महीने की SIP 15 साल में लगभग 50.45 लाख रुपये का फंड बना सकती है, जबकि 10 लाख रुपये की FD से 15 साल में सिर्फ 26.30 लाख रुपये ही बनते हैं।

कौन सा विकल्प आपके लिए सही है?

कारकFDSIP
रिटर्नतय ब्याज दर (6-7.5% प्रति वर्ष)बाजार से जुड़ा (10-12% प्रति वर्ष, गारंटीड नहीं)
जोखिमकमअधिक (शॉर्ट टर्म में उतार-चढ़ाव)
अवधिशॉर्ट टर्म (1-5 साल)लॉन्ग टर्म (10+ साल)
टैक्सब्याज पर टैक्स लागूLTCG पर 10% टैक्स (1 लाख से अधिक लाभ पर)
लिक्विडिटीप्रीमैच्योर withdral पर पेनल्टीकभी भी रिडीम कर सकते हैं

निष्कर्ष

अचानक मिले पैसे को कहां लगाना है, यह पूरी तरह आपकी वित्तीय स्थिति, जोखिम लेने की क्षमता और लक्ष्यों पर निर्भर करता है।

अगर आपके पास Emergency Fund नहीं है या आपको जल्द पैसे की जरूरत पड़ सकती है, तो FD बेहतर विकल्प है। वहीं, अगर आप लंबी अवधि के लिए निवेश कर रहे हैं और जोखिम उठा सकते हैं, तो SIP से बेहतर रिटर्न मिल सकता है।

सबसे अच्छा तरीका यह है कि आप दोनों विकल्पों का मिश्रण अपनाएं कुछ पैसा FD में रखें ताकि इमरजेंसी के लिए तरलता बनी रहे, और कुछ पैसा SIP में लगाएं ताकि लंबी अवधि में बेहतर रिटर्न मिल सके।

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